छिंदवाड़ा फर्जी मेडिकल यूनिवर्सिटी, आर्यव्रत हेल्थ इंस्टीट्यूट परासिया, फर्जी मेडिकल कॉलेज जांच, परासिया बस स्टैंड स्थित इंस्टीट्यूट पहुंची प्रशासनिक जांच टीम, मेडिकल कोर्स का होगा सत्यापन, ख़बर का असर….
सतपुड़ा एक्सप्रेस छिंदवाड़ा ।जिले में संचालित कथित फर्जी मेडिकल यूनिवर्सिटी के मामले में अब प्रशासनिक जांच तेज हो गई है। जिले में DIPLOMA IN COMMUNITY MEDICAL SERVICE & SURGERY जैसे कोर्स संचालित किए जाने और “PRIME MINISTER UNREGISTERED DOCTOR UPGRADATION SCHEME” के नाम पर छात्रों से लाखों रुपये वसूले जाने के आरोपों के बीच अब प्रशासन हरकत में आ गया है। सतपुड़ा एक्सप्रेस ने इस फर्जीवाड़े को सामने लाया था। जिले भर के सैकड़ों बेरोजगार बच्चों से करोड़ों रुपए की ठगी का खुलासा हो सकता है
छिंदवाड़ा में फर्जी मेडिकल यूनिवर्सिटी का खुलासा: सैकड़ों छात्रों से वसूली जा रही लाखों की फीस, ‘प्रधानमंत्री अप्रूव्ड स्कीम’ के नाम पर ठगी
परासिया स्थित आर्यव्रत हेल्थ इंस्टीट्यूट पहुंची टीम मंगलवार को बस स्टैंड क्षेत्र, परासिया स्थित आर्यव्रत हेल्थ इंस्टीट्यूट में प्रशासनिक अधिकारियों की संयुक्त टीम पहुंची।टीम में परासिया डीएसपी जितेन्द्र जाट, नायब तहसीलदार राम सूर्यवंशी तथा बीएमओ डॉ. अंकित सहलाम शामिल रहे। अधिकारियों ने इंस्टीट्यूट संचालक संतोष बाथम से संचालन से संबंधित जानकारी ली और उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों का अवलोकन किया। छिंदवाड़ा के गुरैया रोड स्थित सेंटर पर भी आज जांच टीम पहुंच सकती है।लोगो को जांच की उम्मीद।
वैध दस्तावेज प्रस्तुत करने की समय सीमा निर्धारित अधिकारियों ने इंस्टीट्यूट द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों की मूल एवं वैध प्रतियां निर्धारित समय सीमा में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। बताया जा रहा है कि इस संस्थान के केंद्र संचार कॉलोनी छिंदवाड़ा और बस स्टैंड क्षेत्र परासिया में संचालित हैं।डीएसपी जितेन्द्र जाट के अनुसार, विभागीय नियमों के तहत दस्तावेजों का सत्यापन किया जा रहा है और जांच प्रक्रिया जारी है।
क्षेत्र में चर्चा का विषय बनी कार्रवाई फर्जी मेडिकल कोर्स संचालन और कथित पीएमओ स्वीकृति वाली स्कीम के दावों के बीच प्रशासनिक जांच क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गई है। अभिभावकों और स्थानीय नागरिकों ने पारदर्शी जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है, ताकि छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ न हो।















