सतपुड़ा एक्सप्रेस छिंदवाड़ा | हर्रई विकासखंड में पदस्थ विकास खंड शिक्षा अधिकारी (BEO) प्रकाश कालंबे के खिलाफ शिक्षकों द्वारा लगाए गए गंभीर आरोपों के मामले में अब प्रशासन ने जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जनजातीय कार्य विभाग, छिंदवाड़ा द्वारा शिक्षकों के ज्ञापन की जांच हेतु तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया गया है।
24 दिसंबर को सौंपे गए ज्ञापन के बाद जांच
दिनांक 24.12.2025 को हर्रई विकासखंड के शिक्षकों ने तहसीलदार हर्रई को एक ज्ञापन सौंपा था, जिसमें वेतन, एरियर, क्रमोन्नति, एनपीएस, पेंशन भुगतान, रिश्वत मांगने एवं चंदा वसूली जैसे गंभीर आरोप लगाए गए थे। उक्त ज्ञापन की जांच के लिए यह समिति गठित की गई है।जांच समिति में शामिल अधिकारी जारी आदेश के अनुसार जांच समिति में निम्न अधिकारी शामिल हैं
— उमेश सातनकर – सहायक संचालक (शिक्षा), जनजातीय कार्य विभाग, छिंदवाड़ा
मनीष बोरकर – क्षेत्र संयोजक, जनजातीय कार्य विभाग, छिंदवाड़ा
राजेश कुमार महोबिया – कनिष्ठ लेखा अधिकारी, जनजातीय कार्य विभाग, छिंदवाड़ा
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह समिति तत्काल प्रभाव से कार्यशील रहेगी और शिक्षकों द्वारा लगाए गए आरोपों की तथ्यात्मक जांच करेगी।
पहले नोटिस, अब जांच — बढ़ी BEO की मुश्किलें गौरतलब है कि इससे पहले जनजातीय कार्य विभाग द्वारा BEO प्रकाश कालंबे को स्पष्टीकरण नोटिस भी जारी किया जा चुका है। अब जांच समिति के गठन से मामला और गंभीर हो गया है। समिति की रिपोर्ट के आधार पर आगे अनुशासनात्मक कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।
शिक्षकों में उम्मीद हर्रई विकासखंड के शिक्षकों का कहना है कि वर्षों से लंबित समस्याओं और कथित भ्रष्टाचार को लेकर अब उन्हें निष्पक्ष जांच की उम्मीद बंधी है। शिक्षक संगठनों ने मांग की है कि जांच निष्पक्ष हो और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।अब सबकी नजर जांच समिति की रिपोर्ट पर टिकी है, जिससे यह तय होगा कि हर्रई शिक्षा विभाग में वर्षों से चले आ रहे विवाद का क्या निष्कर्ष निकलता है।
छिंदवाड़ा: आदिवासी सीनियर बालक छात्रावास अमरवाड़ा से दो दैनिक मजदूर तत्काल हटाए गए, छात्रों से दुर्व्यवहार के गंभीर आरोप
सीनियर बालक छात्रावास अमरवाड़ा में छात्रों की सुरक्षा और अनुशासन से जुड़ा गंभीर मामला सामने आया है। आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग छिंदवाड़ा ने छात्रावास में पदस्थ दो दैनिक मजदूरों— कृष्ण कुमार भलावी एवं रूपेश भलावी—को तत्काल हटाने के निर्देश जारी किए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दिनांक 29 दिसंबर 2025 को प्राचार्य उमाशा घोघरी एवं प्राचार्य उमाशा सालीवाड़ा शारदा द्वारा आदिवासी सीनियर बालक छात्रावास अमरवाड़ा का निरीक्षण किया गया था। निरीक्षण प्रतिवेदन अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) अमरवाड़ा के पत्र के माध्यम से आयुक्त कार्यालय को प्राप्त हुआ।प्रतिवेदन में आरोप लगाया गया है कि दोनों दैनिक मजदूर छात्रावास परिसर में मदिरा सेवन करते थे, छात्रों के साथ गाली-गलौच करते थे और सुबह जगाने के नाम पर छात्रों के साथ अमानवीय व्यवहार किया जाता था। आरोपों के अनुसार, छात्रों को लात मारकर उठाया जाता था और नहीं जागने पर कान में पानी डाला जाता था, जो कि अत्यंत गंभीर और अनुशासनहीन कृत्य है।
इन तथ्यों को गंभीरता से लेते हुए आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग छिंदवाड़ा ने अधीक्षक, आदिवासी सीनियर बालक छात्रावास अमरवाड़ा को निर्देश दिए हैं कि कृष्ण कुमार भलावी एवं रूपेश भलावी को नियमानुसार तत्काल छात्रावास से पृथक करने की कार्यवाही की जाए तथा की गई कार्यवाही से कार्यालय को अवगत कराया जाए।यह कार्रवाई छात्रावासों में छात्रों की सुरक्षा, सम्मान और अनुशासन सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।














