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मनीष ने मनीष को बताया कैसे करना है टेंडर निरस्त,मामला जिला अस्पताल का….

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सतपुड़ा एक्सप्रेस छिंदवाड़ा। जिला चिकित्सालय छिंदवाड़ा द्वारा ऑर्थोपेडिक इंप्लांट की सप्लाई के लिए 5 मई 2026 को एमपी टेंडर के माध्यम से ऑनलाइन टेंडर निकला था जिसकी अनुमानित लागत 25लाख है टेंडर प्रक्रिया में एल 1 आने के बाद में नमन सर्जिकल से विभाग द्वारा 3 अक्टूबर 2026 को एग्रीमेंट किया गया और नमन सर्जिकल से दिनांक 7 एवं 9 अक्टूबर को ऑपरेशन में लगने वाले उपकरण खरीदे भी गए। वही लाभ कमाने के चक्कर में द्वारा विभाग के भ्रष्ट कर्मचारियों द्वारा अपने चहेते दूसरे सप्लायर को लाभ दिलाने के लिए कल 15 अक्टूबर को टेंडर निरस्त कर दिया जबकि कलेक्टर छिंदवाड़ा द्वारा टेंडर प्रक्रिया में शामिल एक अन्य फॉर्म को ब्लैक लिस्ट करने के लिए बोला गया था उसे ब्लैक लिस्ट करने के स्थान पर पूरा टेंडर ही निरस्त कर दिया गया और दूसरी फार्मे से टेंडर में प्राप्त दर से अधिक मूल्य पर कोटेशन पर सामग्रियों की खरीद की जा रही है।

मनीष ने मनीष को बताया कैसे करना है टेंडर निरस्त उक्त पूरी टेंडर प्रक्रिया में सिविल सर्जन के बाबू मनीष ने दूसरे मनीष बाबू से सलाह लेकर अधिक लाभ कमाने के चक्कर में पूरा टेंडर ही निरस्त कर दिया एक मनीष को दूसरे मनीष ने बताया कि टेंडर का कंप्लायंस नहीं हो पा रहा है उसमें उसने बताया कि अधिष्ठाता कार्यालय द्वारा निविदा प्राप्त हुई थी इस निविदा में निम्न प्रकार की खामियां हैं प्लेट किसी की है और स्क्रू किसी के हैं इसका सेट होना जरूरी है अलग-अलग कंपनियों के समान लगाना संभव नहीं है इसलिए अनुबंध निरस्त किया जाता है ऐसा लिख दो और जब तक आप कोटेशन पर काम करवा लेना इस पूरे मामले में पत्र फॉर्म लोकायुक्त और न्यायालय की शरण लेने की तैयारी में है

एक मनीष ने दूसरे मनीष को बताया कि कलेक्टर साहब के पास शिकायत जाती है तो तीन में से एक फार्म जो समान नहीं दे रही है उसे ब्लैकलिस्ट करना है मगर ब्लैक लिस्ट करने की जरूरत नहीं है दूसरी फॉर्म से एक समान कोटेशन पर ले लो मां को अपने सिंधी को ऑर्डर दिया और अगर वे कॉम्लाइज नहीं कर रहा है आप दूसरों से समान ले लेना टेंडर में फलानी फलानी कमियां है ऐसा लिखकर टेंडर निरस्त कर दो।

टेंडर में जिन सामग्रियों का दाम₹2000 है उन्हें सामग्रियों को कोटेशन पर ₹3000 में सिविल सर्जन द्वारा खरीदी करवाई जा रही है पूर्व में भी पत्र एक फॉर्म द्वारा सामग्री ना दे देने के कारण तीन ऑपरेशन कैंसिल करने पड़े थे जिसकी शिकायत कलेक्टर को डॉक्टर द्वारा की गई थी उक्त फार्म को लाभ पहुंचाने के लिए पूरा ताना-बाना जगाया और टेंडर कैंसिल कर दिया गया। दोनों मनीष के बीच हुई पूरी बातचीत का ऑडियो सतपुड़ा एक्सप्रेस के पास सुरक्षित है।

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